आंधी-तूफान से मध्य प्रदेश, गुजरात और राजस्थान में 31 की मौत

मंगलवार को आई तेज आंधी और बारिश ने मध्य प्रदेश, गुजरात और राजस्थान में भारी तबाही मचाई है। मध्य प्रदेश में पिछले दो दिनों में बारिश, तूफान और बिजली गिरने से 16 लोगों की मौत हो गई है। वहीं राजस्थान के विभिन्न हिस्सों में बारिश और तूफान से 6 लोगों की मौत हो गई है। इसके अलावा गुजरात में 9 लोगों की मौत हुई है।

वहीं इस पर राजनीति भी शुरू हो गई है। दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के विभिन्न हिस्सों में बेमौसम बारिश और तूफान के कारण जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों के लिए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से 2-2 लाख रुपए की अनुग्रह राशि को मंजूरी दी है। घायलों को 50 हजार रुपए की मदद दी जाएगी।

इस पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा, ‘मोदी जी, आप देश के पीएम ना कि गुजरात के। एमपी में भी बेमौसम बारिश व तूफान के कारण आकाशीय बिजली गिरने से 10 से अधिक लोगों की मौत हुई है। लेकिन आपकी संवेदनाएं सिर्फ गुजरात तक सीमित? भले यहां आपकी पार्टी की सरकार नहीं है लेकिन लोग यहां भी बस्ते हैं।'

गुजरात के साबरकांठा जिले के हिम्मतनगर में आज होने वाली प्रधानमंत्री मोदी की रैली के लिए लगाए गए टेंट का एक हिस्सा धूल भरी आंधी के कारण क्षतिग्रस्त हो गया। स्थानीय भाजपा नेताओं ने बताया कि टेंट का कुछ हिस्सा या तो उड़ गया या फट गया। उन्होंने कहा कि लोगों को छाया उपलब्ध कराने और स्टेज पर नेताओं के बैठने के लिए व्यवस्था की गई थी।

Total
0
Shares
Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Previous Post

थाइलैंड के फूलों से सजेगा उदयपुर में श्याम दरबार

Next Post

राहुल गांधी पर राजद्रोह का आरोप, कोर्ट ने पुलिस से मांगी एक्शन रिपोर्ट

Related Posts
Whatsapp Group for Farmers in Rajasthan

किसानों को Whatsapp से मिलेगी विभागीय योजनाओं, खेती के उन्नत तरीकों एवं नवाचारों की जानकारी -कृषि विभाग ने 5000 Whatsapp ग्रुप बनाकर पांच लाख किसानों को जोड़ा

कृषि विभाग व्हाट्स एप के माध्यम से खेती से जुड़ी महत्त्वपूर्ण जानकारी सीधे काश्तकारों तक पहुंचाएगा। इसके लिए प्रदेश में करीब 5 हजार व्हाट्स एप ग्रुप बनाकर 5 लाख किसानों को जोड़ा गया है।
Read More

हर समस्या का समाधान है पुरुषार्थ, प्रार्थना और प्रतीक्षा – बापू

अहिल्या, शबरी, विभीषण की लम्बी प्रतीक्षा का प्रतिफल था प्रभु श्रीराम के दर्शन नाथद्वारा, 02 नवम्बर। समस्या चाहे…
Read More
Total
0
Share