भारतीय क्रिकेटर विराट कोहली ने संत प्रेमानंद महाराज के आश्रम जाने के बदले ₹5 करोड़ लेने के दावे को खारिज किया है। कोहली की ओर से बुधवार को जारी बयान में कहा गया कि उनके बारे में लगाए गए आरोप पूरी तरह झूठे, निराधार और तथ्यहीन हैं।
कोहली के प्रवक्ता ने कहा कि विराट कोहली प्रेमानंद महाराज के प्रति गहरी श्रद्धा और सम्मान के कारण उनके दर्शन के लिए जाते हैं। बयान में मीडिया से भी अपील की गई है कि इस तरह के दावों को प्रकाशित या प्रसारित करने से पहले तथ्यों की जांच की जाए।
फलाहारी महाराज ने लगाया था ₹5 करोड़ का आरोप
यह विवाद श्रीकृष्ण जन्मभूमि संघर्ष न्यास के अध्यक्ष फलाहारी महाराज दिनेश शर्मा के दावे के बाद शुरू हुआ। उन्होंने आरोप लगाया था कि विराट कोहली को वर्ष 2023 में पहली बार प्रेमानंद महाराज के आश्रम बुलाने के लिए ₹5 करोड़ खर्च किए गए थे।
फलाहारी महाराज का दावा था कि इसके पीछे आश्रम और प्रेमानंद महाराज की लोकप्रियता बढ़ाने का उद्देश्य था। हालांकि, ₹5 करोड़ के कथित भुगतान से जुड़ा कोई स्वतंत्र रूप से सत्यापित दस्तावेज, बैंक रिकॉर्ड या अन्य प्रमाण अब तक सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आया है।
विराट की टीम ने कहा- आरोप पूरी तरह गलत
विराट कोहली की टीम ने इन आरोपों का स्पष्ट खंडन करते हुए कहा कि कोहली का प्रेमानंद महाराज के आश्रम जाना किसी आर्थिक लेन-देन से जुड़ा नहीं है।
बयान के अनुसार, विराट महाराज के प्रति अपनी व्यक्तिगत आस्था और श्रद्धा की वजह से उनसे मिलने जाते हैं। कोहली की टीम ने मीडिया संस्थानों से जिम्मेदारी के साथ रिपोर्टिंग करने और किसी दावे को आगे बढ़ाने से पहले उसकी पुष्टि करने की अपील की है।
जनवरी 2023 में पहली बार पहुंचे थे विराट-अनुष्का
विराट कोहली और उनकी पत्नी अभिनेत्री अनुष्का शर्मा पहली बार 4 जनवरी 2023 को वृंदावन में प्रेमानंद महाराज के दर्शन के लिए पहुंचे थे। इसके बाद दोनों कई बार महाराज से मिलने और उनका आशीर्वाद लेने आश्रम जा चुके हैं।
विराट और अनुष्का की प्रेमानंद महाराज के साथ मुलाकात के वीडियो भी समय-समय पर सोशल मीडिया पर सामने आते रहे हैं।
चिट्ठी में और भी गंभीर आरोप
फलाहारी महाराज ने इस मामले को लेकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भी पत्र लिखा है। पत्र में उन्होंने प्रेमानंद महाराज के आश्रम के आसपास सक्रिय कथित बिल्डर लॉबी और भू-माफिया को लेकर कई गंभीर आरोप लगाए हैं।
इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में फिलहाल इन्हें फलाहारी महाराज के दावों के रूप में ही देखा जा रहा है।
इस पूरे विवाद के बीच विराट कोहली की ओर से पहली बार आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आई है, जिसमें ₹5 करोड़ लेकर आश्रम जाने के आरोप को पूरी तरह खारिज किया गया है।
***