तकनीकी शिक्षा राज्य मंत्री ने अभियांत्रिकी पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए रीप-2020 वेब पोर्टल शुरू कियाबारहवीं एवं डिप्लोमा के अंकों के आधार पर अभियांत्रिकी पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए प्रक्रिया शुरू
जयपुर, 15 जुलाई। तकनीकी शिक्षा राज्य मंत्री डॉ. सुभाष गर्ग ने बुधवार को यहां झालाना स्थित तकनीकी भवन में अभियांत्रिकी पाठ््यक्रमों में ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया-2020 (रीप-2020) वेब पोर्टल Http://www.cegreap2020.com का शुभारंभ किया। यह पोर्टल सेन्टर फॉर इलेक्ट्रॉनिक्स गवर्नेन्स (सीईजी) की ओर से तैयार किया गया है।
इस अवसर पर डॉ. गर्ग ने कहा कि मुख्यमंत्री की मंशा के मुताबिक कोविड-19 के चुनौतीपूर्ण समय में तकनीकी शिक्षा विभाग ने कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। इस दौरान बोर्ड ऑफ गवर्नेंस की बैठक आयोजित की गई और कोरोना के बीच परीक्षाओं के आयोजन के संबंध में निर्देश दिए गए। सीईजी ने ऑनलाइन पोर्टल तैयार कर बारहवीं की मेरिट के आधार पर अभियांत्रिकी पाठ्यक्रमों में प्रवेश प्रक्रिया शुरू की है। पहले यह कार्य आउट सोर्सिंग के माध्यम से कराया जाता था, जिस पर करीब 15 लाख रुपए से अधिक खर्च होता था। इससे निजी एजेंसियों पर निर्भरता खत्म होगी और दूसरे विभागों को भी स्वयं के स्तर पर सॉफ्टवेयर विकसित करने की सीख मिलेगी। सीईजी को रिसोर्स सेंटर एवं सॉफ्टवेयर डवलपमेंट सेंटर के रूप में विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है। तकनीकी शिक्षा विभाग की शासन सचिव श्रीमती शुचि शर्मा ने बताया कि विभागीय मंत्री के निर्देशानुसार कोविड-19 महामारी से उत्पन्न हुई परिस्थितियों के मद्देनजर छात्रों के हितों को ध्यान में रखते हुए पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष पंजीकरण शुल्क में कटौती कर मात्र 250 रुपए रखा गया है। साथ ही केन्द्रीयकृत प्रवेश प्रक्रिया रीप- 2020 के अन्तर्गत आने वाली सभी सीटों पर प्रवेश 12वीं तथा डिप्लोमा के प्राप्ताकों के आधार पर किये जाएंगे।
कन्वीनर रीप-2020 एवं निदेशक सीईजी डॉ. संदीप कुमार ने बताया कि राज्य के अभियांत्रिकी महाविद्यालयों के लिए पंजीकरण की प्रक्रिया पोर्टल पर 15 जुलाई से प्रारम्भ की गई है जिसकी अंतिम तिथि 25 जुलाई है। इसी क्रम में अभ्यर्थियों के लिए पंजीयन की प्रक्रिया 30 जुलाई को शुरू होगी जो 20 अगस्त तक चलेगी। इसके अतिरिक्त राज्य में स्थित संस्थानों में एमबीए, एमसीए एव बीटेक पाश्र्व प्रवेश के लिए आयोजित प्रवेश प्रक्रिया के लिए पोर्टल विकसित किया जा रहा है जिसके माध्यम से विभिन्न संस्थानों में सत्र 2020-21 के लिए प्रवेश की प्रक्रिया पूर्ण की जाएगी।
उन्होंने बताया कि सीईजी की ओर से राज्य में तकनीकी शिक्षा यथा बीटेक, पालीटेक्निक डिप्लोमा, आईटीआई, एमबीए आदि में अध्ययनरत एवं पास आउट होने वाले अभ्यर्थियों को रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए केन्द्रीयकृत प्लेसमेंट सेल का पोटर्ल http://cegrajasthan-org/ विकसित किया गया है जिसमें अब तक विभिन्न पाठ््यक्रमों के 6 हजार 874 अभ्यर्थियों की ओर से निःशुल्क पंजीयन किया जा चुका हैं एवं 3 हजार 36 अभ्यर्थियों को रोजगार उपलब्ध करवाया जा चुका है। सीईजी को राज्य के विभिन्न तकनीकी संस्थानों को नवीनतम तकनीकी सेवाएं देने के लिए रिसर्च सेन्टर के रूप में विकसित किया जा रहा है। इस प्रकार सीईजी तकनीकी शिक्षण प्राप्त विद्यार्थियों के लिए स्थापित विद्यार्थी सेवा केन्द्र के नोडल सेन्टर के रूप में कार्य कर रहा है। इसके द्वारा राज्य के अभियांत्रिकी पाठ््यक्रमों से पास होने वाले विद्यार्थियों को गेट प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए पोर्टल विकसित किया जा रहा है जिसको शीघ्र ही प्रारम्भ किया जाएगा।
इस अवसर पर संयुक्त शासन सचिव श्री अनिल अग्रवाल, संयुक्त सचिव डॉ. मनीष गुप्ता एवं अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
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